मान बन्दा मेरी कोणी काया तेरी रे लिरिक्स

मान बन्दा मेरी कोणी काया तेरी रे लिरिक्स – चेतावनी भजन मनुष्य को जीवन की सच्चाई और शरीर की नश्वरता का बोध कराता है। भजन में बताया गया है कि यह शरीर और संसार हमेशा साथ नहीं रहने वाले, इसलिए समय रहते भगवान का स्मरण करना चाहिए।

मान बन्दा मेरी कोणी काया तेरी रे लिरिक्स

मान बन्दा मेरी कोणी काया तेरी रे,
फेर पछतायेगा आखिर में पछतायेगा !!

बंदा कहता काय मेरी,
काया का गुमान क्या।
हीरा सा बंदन तेरा,
माटी में मिल जाएगा।।

वहां से तु क्या लाया बंदे,
यहाँ से क्या ले जाएगा।
बंध मुठी आया बंदे,
हाथ पसारे जाएगा।।

बालपन में खेल्या खाया,
जवानी में सुट्या पडया।
बुड्डा हो के मरने चाल्या,
खाट पडया सिसकाया।।

धरया रह्व तेरा कोट और किला,
कोमल देह कुमलायेगी।
जग छोड़कर चल्या मुसाफिर,
हँस अकेला जाएगा।।

रटना है जो रट ले बंदे,
वक्त हाथ नहीं आएगा।।
कहत कबीर सुनो भई साधो,
करणी का फल पायेगा।।

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Maan Banda Meri Koni Kaya Teri Re Lyrics

Maan banda meri koni kaya teri re,
Fer pachhtayega aakhir mein pachhtayega.

Banda kahta kaay meri,
Kaya ka gumaan kya,
Heera sa bandan tera,
Maati mein mil jayega.

Wahan se tu kya laya bande,
Yahan se kya le jayega,
Bandh muthi aaya bande,
Haath pasare jayega.

Balpan mein khelya khaya,
Jawani mein sutya padya,
Budda ho ke marne chalya,
Khaat padya siskaya.

Dharya rahv tera kot aur kila,
Komal deh kumlayegi,
Jag chhodkar chalya musafir,
Hans akela jayega.

Ratna hai jo rat le bande,
Waqt haath nahi aayega,
Kahat Kabir suno bhai sadho,
Karni ka phal payega.

मान बन्दा मेरी कोणी काया तेरी रे लिरिक्स भजन का अर्थ

यह भजन मनुष्य को समझाता है कि शरीर और धन-दौलत पर घमंड नहीं करना चाहिए। जीवन क्षणभंगुर है और एक दिन सब कुछ यहीं रह जाएगा।

भजन में संत कबीर की वाणी के माध्यम से यह संदेश दिया गया है कि इंसान खाली हाथ आता है और खाली हाथ ही जाता है। इसलिए भगवान का नाम जपना और अच्छे कर्म करना ही सबसे बड़ा धन है।

मान बन्दा मेरी कोणी काया तेरी रे लिरिक्स भजन का संदेश

यह चेतावनी भजन हमें समय की कीमत समझाता है। बचपन और जवानी खेल-कूद और मोह-माया में निकल जाते हैं, लेकिन बुढ़ापे में मनुष्य पछताता है।

भजन की मुख्य सीख यह है कि जीवन रहते हुए ही भक्ति, सत्संग और अच्छे कर्म करने चाहिए, क्योंकि मृत्यु के बाद केवल कर्मों का फल ही साथ जाता है।

मान बन्दा मेरी कोणी काया तेरी रे लिरिक्स FAQs

Q1. मान बन्दा मेरी कोणी काया तेरी रे लिरिक्स भजन किस प्रकार का है?
Answer: यह एक चेतावनी और वैराग्य भजन है।

Q2. इस भजन का मुख्य संदेश क्या है?
Answer: शरीर और संसार नश्वर हैं, इसलिए भगवान का स्मरण करना चाहिए।

Q3. इस भजन में किस संत की वाणी का उल्लेख है?
Answer: इस भजन में संत कबीर की वाणी का उल्लेख है।

Q4. यह भजन हमें क्या सीख देता है?
Answer: समय रहते अच्छे कर्म और भक्ति करनी चाहिए।

Q5. इस भजन का मुख्य विषय क्या है?
Answer: जीवन की नश्वरता और आत्मचिंतन।

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